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44. एक आनंिमय जीिन के मलए उपकरण

# एक आनंिमय जीिन के मलए उपकरण

सभी पारंपररक व्दयालयं मं बचचं

को बोदव्क स तर पर रमश्ित ् ककया िाता है और अब कुछ व्धालयं मं भा्नात मक स ् तर पर ् रमश्ित करना शुू कर ददया गया है | हालंकक बच चं म ् ं अघ यात् ममक ् स तर को बढने की संभा्ना को ् समझने मं असफल रहे है और अन ततह म ् ं उनको आत म्ान की ् और रेररत कर रहे हं |

्ैददक गणणत जिसने हिारं सालं से साफट्ेयर राजनत को पू्ाणभामसत ककया िो बच चो को बबना ् कै लक् ुलेटर के उपयोग के आसानी से आंकिो की गणना मसखाता है | पररसत जततक िागूकता और ्ह ् के साथ सम बन् ध िो हम ् ं िीव्त रखते है उन पर बल (िोर) ददया | िागूकता सुन दरता की एक सभ ् य ् रदणशन कला और सुधच् कला को 91

व्कमसत करता हं |

बच चो को ख ् ुद की और उनके आस पास के लोगो और दतनया की प ु ूरी समझ देने के मलए गततव्धधयं और खेल के माध यम से िी्न ् का समाधान मसखाया िाता है िब यु्ा बच चो के िी्न मे िल ् दी ् से मसखने के मलए एक अनुकूल समद माहौल होता है उन ृ हे अक ् ् सर उच च सामाजिक भा् ् ुकता और अघ याजतमकता का बोध होता है | ्

  1. ये बचचो मे भारी तछपी िमताओं की मसफण कुछ अमभ् यज्तया है िो ् सनातन दहन द् धमण और अघयाजतमक ू मशिा रदान करता है | िोकक आम तौर पर मौिूदा पमशचमी मशिा रणाली मे अरयुक् त हो िाता हं |

अद्ैत गु ूक ु ल मशिा रणाली का आधार है

तनयममत व्षयं के साथ साथ बच चो ् द्ारा देखे िाने ्ाले मुखय िी्न शैली के मुददो िैसे की भय, रोध, हताशा, व्कृतत अपमानिनक भाषा और इस रकार से| िो कक बच चो ् को समझाते है कक "प यार एक ् टुकडे िैसे है और अहम एक चटटान िैसे" बच चे त ् ुरन त (झट) से अपनी ् अतंररय(आजतमक) गुण को समझ िाते है | यह उन हे ददन रततददन ् भा्ना पाने मे मदद करता हं |

तनतयानंद गुुकुल एक अनतराष्ीय, तनतयानंद धयानपीिम आ्म के भीतर, बगलोर से लगभग ३० कक.मी. की द ं री पर, ब ू गलोर ं मयसोर हाइ्े पर जसथत है। अधधक िानकारी के मलए संपकण करं : 9916593002; 7760980640 eneducation.nithyananda.org

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