28. टेलोममरेि अधययन:
# टेलोममरेि अधययन
टेलेमोरेस एलोमेसण, डी.एन.ए. यु्त रोमोसोम के मलए सुरिा क्च की तरह हं | उर के साथ वयज्त मं टेलोमेरेस की कमी और उनकी अंततः उनकी अनुपजसथतत बु़ापे और रतयु का कारण बनती है।
टेलोमेर की लंबाई को बनाए रखने के मलए जिममेदार एंिाइम को टेलोममरेि कहा िाता है। सामानय ्यसकं मं नगणय टेलोममरेि गततव्धध होती है, और इसमलए उनका िी्न काल बहुत ही सीममत होता है।
रथम ् २१्े ददन १०० इनर अ्ेकतन ंग रततभाधगयं की पररधीय र्त कोमशकाओं मं ,TDA परीिण ककया गया|
कायणरम के अंत मं काफी परर्तणन पाया गया। सभी रततभाधगयो मं कम से कम 0.5 गुना परर्तणन देखा गया, इनमे से 47 रततभाधगयं ने 0 .5 से 2 गुना परर्तणन

देखा गया (3 से 4 गुना परर्तणन )। पूरे समूह का औसत परर्तणन 0.68-1.3 था। ्तणमान धचककतसा सा्य सलाह देता है , एक टेलोममरेि गततव्धध या टेलोमेर की लंबाई मं महत्पूणण परर्तणन का पता
लगाने के मलए मं कम से कम 4-5 महीने की िूरत होती है ।
बोसटन अनुसंधान समूह की एक अधययन के अनुसार िो की PLoS मं रकामशत की गयी थी, धच ंता, भय और अनय इसी तरह की भा्नाएँ (अपूरणता ) िी्नकाल को छोटा करती है।इनर अ्ेकतन ंग कायणरम से स्ासथय सुधार पर संधचत रशना्ली अधाररत स्ेिण|